वह रुका पल कोई घर है कहीं

वह रुका पल कोई घर है कहीं

Saturday, February 19, 2011

कुछ कविताएँ सबद में

http://vatsanurag.blogspot.com/2011/02/blog-post_16.html
और उन पर गिरीन्द्र की टिप्पणी
http://anubhaw.blogspot.com/2011/02/blog-post_16.html